तुझपे खुद से ज्यादा
यार की चलती है
इश्क़ है ये तेरा
या तेरी गलती है
गर सवाब है तो
क्यों सज़ा मिलती है
जा करना है तो प्यार कर
ज़िद पूरी फिर इक बार कर
कमलेया वे कमलेया
मनमर्ज़ी कर के देख ले
बदले में सब कुछ हार कर
कमलेया वे कमलेया
तुझपे खुद से ज्यादा
यार की चलती है
इश्क़ है ये तेरा
या तेरी गलती है
गर सवाब है तो
क्यों सज़ा मिलती है
जा करना है तो प्यार कर
ज़िद पूरी फिर इक बार कर
कमलेया वे कमलेया
मनमर्ज़ी कर के देख ले
बदले में सब कुछ हार कर
कमलेया वे कमलेया
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