उड़ती पतंग मेरी बस तेरे मांझे से
मेरे जैसा प्यार ना होगा
कभी किसी रांझे से
हीर से भी सोहनी है तू
किमती है हीरों सी
प्यार की है चाहत तेरी
इश्क़ के फ़कीरों की
उड़ती पतंग मेरी बस तेरे मांझे से
मेरे जैसा प्यार ना होगा
कभी किसी रांझे से
हीर से भी सोहनी है तू
किमती है हीरों सी
प्यार की है चाहत तेरी
इश्क़ के फ़कीरों की
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